यह 28 फरवरी 2026 का करेंट अफेयर्स है। सरकारी नौकरी के लिए होने वाली प्रतियोगिता परीक्षा की बेहतर तैयारी के लिए डेली करेंट अफेयर्स के सवाल-जवाब यहां बता रहे हैं।
1. केंद्र सरकार ने सकल घरेलू उत्पाद (GDP) के लिए नया आधार वर्ष (बेस ईयर) क्या लागू किया?
What new base year did the central government implement for Gross Domestic Product (GDP)?
a. 2020-21
b. 2022-23
c. 2023-24
d. 2024-25
Answer: b. 2022-23
आधार वर्ष (Base Year) क्या है?
– आधार वर्ष वह वर्ष होता है जिसे मूल संदर्भ वर्ष मानकर GDP तथा अन्य राष्ट्रीय आय के आंकड़े मापे जाते हैं।
– इस वर्ष की कीमतों को स्थिर (Constant) मानकर वास्तविक वृद्धि दर निकाली जाती है।
आधार वर्ष परिवर्तन के प्रमुख उद्देश्य
– समय के साथ अर्थव्यवस्था की संरचना बदलती है
(जैसे – सेवाक्षेत्र का बढ़ना, डिजिटल अर्थव्यवस्था का विस्तार)
– नया आधार वर्ष इन परिवर्तनों को सही रूप में प्रतिबिंबित करता है।
– IMF और System of National Accounts (SNA) के अनुरूप अद्यतन

GDP क्या होता है?
– सकल घरेलू उत्पाद (GDP) इकोनॉमी की हेल्थ को ट्रैक करने के लिए उपयोग किए जाने वाले सबसे कॉमन इंडिकेटर्स में से एक है।
– GDP किसी एक साल या एक तिमाही में देश में पैदा होने वाले सभी सामानों और सेवाओं की कुल वैल्यू को कहते हैं।
– GDP किसी देश के आर्थिक विकास का सबसे बड़ा पैमाना है।
– अधिक GDP का मतलब है कि देश की आर्थिक बढ़ोतरी हो रही है, अर्थव्यवस्था ज्यादा रोजगार पैदा कर रही है।
– कम जीडीपी का मतलब कि आर्थिक तौर पर पिछड़ रहे हैं, बेरोजगारी की समस्या बढ़ रही है।
ऐसे गणना होती है > GDP = C + I + G + (X-M)
C = कंज्यूमर एक्सपेंसेज
I = इंडस्ट्रीज इन्वेस्टमेंट
G = गवर्नमेंट एक्सपेंडीचर
X = एक्सपोर्ट
M = इंपोर्ट
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हर पांच साल में होना होता है बेस ईयर का बदलाव
– मंत्रालय का लक्ष्य पांच साल का संशोधन चक्र है, लेकिन उसने 2017-18 को अनुपयुक्त पाया क्योंकि उस समय जीएसटी लागू किया गया था, जबकि 2019-20 और 2020-21 कोविड-19 महामारी से प्रभावित थे और 2021-22 में महत्वपूर्ण सुधार देखा गया।
2022-23 बेस ईयर पर पहला रीयल GDP आंकड़ा
– केंद्र सरकार ने सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का नया बेस ईयर 2022-23 तय किया है।
– इस बेस ईयर पर आधारित पहला GDP आंकड़ा 2025-26 की तीसरी तिमाही (अक्टूबर-दिसंबर) का जारी हुआ।
– इससे पहले बेस ईयर (आधार वर्ष) 2011-12 के आधार पर आंकड़े जारी होते थे।
2022-23 को आधार वर्ष क्यों चुना गया?
– क्योंकि यह कोविड-19 के बाद का एक सामान्य वर्ष है, जिसमें अर्थव्यवस्था के सभी क्षेत्रों में मजबूत और व्यापक आंकड़े उपलब्ध हैं, जो इसे वार्षिक और त्रैमासिक राष्ट्रीय लेखा अनुमानों की नई श्रृंखला के लिए एक उपयुक्त मानदंड बनाते हैं।
– नए आधार वर्ष में GST सहित प्रशासनिक डेटा, वार्षिक सर्वेक्षण और अद्यतन अनुपातों का व्यापक उपयोग किया गया है।
– कृषि व विनिर्माण में Double Deflation पद्धति अपनाई गई है, जबकि त्रैमासिक आकलन में Proportional Denton Benchmarking लागू किया गया है।
– निजी उपभोग के लिए COICOP 2018 वर्गीकरण तथा Supply and Use Table (SUT) के माध्यम से उत्पादन-व्यय पक्ष का बेहतर समन्वय किया गया है।
– नई श्रृंखला में 2025-26 की वास्तविक GDP वृद्धि दर 7.6% आंकी गई, जो पूर्व अनुमान से अधिक है।
COICOP 2018 क्या है?
– COICOP (Classification of Individual Consumption According to Purpose) 2018
– यह एक अंतरराष्ट्रीय उपभोग वर्गीकरण प्रणाली है, जिसे संयुक्त राष्ट्र की System of National Accounts (SNA) के तहत विकसित किया गया है।
– यह बताता है कि लोग अपना पैसा किस उद्देश्य से खर्च कर रहे हैं, जैसे: खाद्य एवं पेय पदार्थ, आवास, वस्त्र, परिवहन, शिक्षा, स्वास्थ्य, संचार, मनोरंजन
– यह डिजिटल सेवाओं, ई-कॉमर्स और आधुनिक उपभोग पैटर्न को शामिल करता है।
– अंतरराष्ट्रीय तुलना को आसान बनाता है।
राजकोषीय गणित पर प्रभाव
– नई श्रृंखला के आंकड़ों से पता चलता है कि 2025-26 में अर्थव्यवस्था का आकार ₹345.47 लाख करोड़ रहने की उम्मीद है, जो पुरानी श्रृंखला पर आधारित पहले अग्रिम अनुमानों में अनुमानित आकार से लगभग 3.3% कम है।
– इसके अलावा, 2023-24 और 2024-25 दोनों वर्षों में अर्थव्यवस्था के आकार में 3.8% की कमी की गई है। अर्थशास्त्रियों के अनुसार, इससे न केवल पिछले कुछ वर्षों में सरकार के राजकोषीय घाटे के अनुपात में वृद्धि होगी, बल्कि ऋण कटौती की उसकी नियोजित राह भी काफी कठिन हो जाएगी।
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2. वित्त वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही (अक्टूबर-दिसंबर) में भारत की रीयल GDP विकास दर कितनी रही?
What was the real GDP growth rate of India in the third quarter (October-December) of the financial year 2025-26?
a. 5.8%
b. 6.5%
c. 7.8%
d. 8.1%
Answer: c. 7.8% (2022-23 बेस ईयर पर पहला GDP आंकड़ा)
जीडीपी ग्रोथ रेट के आंकड़े किसने जारी किए?
– राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (National Statistical Office) [NSO] ने यह आंकड़े 27 फरवरी 2026 को जारी किए।
– NSO सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय का एक संगठन है।
2022-23 बेस ईयर पर पहला रीयल GDP आंकड़ा
– केंद्र सरकार ने सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का नया बेस ईयर 2022-23 तय किया है।
– इस बेस ईयर पर आधारित पहला GDP आंकड़ा 2025-26 की तीसरी तिमाही (अक्टूबर-दिसंबर) का जारी हुआ।
– इससे पहले बेस ईयर (आधार वर्ष) 2011-12 के आधार पर आंकड़े जारी होते थे।
रीयल जीडीपी और नॉमिनल जीडीपी में अंतर
– रीयल जीडीपी : किसी देश में एक वर्ष में उत्पादित वस्तुओं और सेवाओं का कुल मूल्य, एक निश्चित आधार वर्ष (Base Year) की स्थिर कीमतों पर। इसमें महंगाई का असर हटा दिया जाता है।
– नॉमिनल जीडीपी : किसी देश में एक वर्ष में उत्पादित अंतिम वस्तुओं और सेवाओं का कुल मूल्य, वर्तमान कीमतों (Current Prices) पर। इसकी तुलना पिछले वर्ष के आधार पर होती है
2025-26 की तीसरी तिमाही : अक्टूबर से दिसंबर 2025
– रीयल GDP विकास दर : 7.8% (पिछले वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही की तुलना में)
– रुपए में कुल रीयल जीडीपी : 84.54 लाख करोड़
– नॉमिनल GDP विकास दर : 8.9%
– रुपए मे नॉमिनल GDP विकास दर : ₹ 90.91
2025-26 की दूसरी तिमाही : जुलाई-सितंबर 2025
– GDP विकास दर : 8.4% (पिछले वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही की तुलना में) {यह आंकड़ा संशोधित हैं}
2025-26 की पहली तिमाही : अप्रैल-जून 2025
– GDP विकास दर : 6.7% (पिछले वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही की तुलना में) {यह आंकड़ा संशोधित हैं}
दो तरह की होती है GDP
– GDP दो तरह की होती है – रियल GDP और नॉमिनल GDP
– रियल GDP में गुड्स और सर्विस की वैल्यू का कैलकुलेशन बेस ईयर की वैल्यू या स्टेबल प्राइस पर किया जाता है। फिलहाल GDP को कैलकुलेट करने के लिए बेस ईयर 2011-12 है।
– वहीं नॉमिनल GDP का कैलकुलेशन करंट प्राइस पर किया जाता है।
GVA ग्रोथ रेट: 7.8%
GVA क्या है?
– साधारण शब्दों में कहा जाए तो GVA से किसी अर्थव्यवस्था में होने वाले कुल आउटपुट और इनकम का पता चलता है।
– यह बताता है कि एक तय अवधि में इनपुट कॉस्ट और कच्चे माल का दाम निकालने के बाद कितने रुपए की वस्तुओं और सेवाओं का उत्पादन हुआ। इसमें सब्सिडी को हटा दिया जाता है।
– इससे यह भी पता चलता है कि किस खास क्षेत्र, उद्योग या सेक्टर में कितना उत्पादन हुआ है।
– नेशनल अकाउंटिंग के नजरिए से देखें तो मैक्रो लेवल पर GDP में सब्सिडी और टैक्स निकालने के बाद जो आंकड़ा मिलता है, वह GVA होता है।
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3. किस खाड़ी देश ने दुनियाभर में बर्ड फ्लू के मामलों की वजह से भारत सहित 40 देशों से पोल्ट्री मीट और अंडे के आयात पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया?
Which Gulf country has imposed a complete ban on the import of poultry meat and eggs from 40 countries, including India, due to bird flu cases across the world?
a. सऊदी अरब
b. यूएई
c. बहरीन
d. कतर
Answer: a. सऊदी अरब
– यह निर्णय सऊदी खाद्य एवं औषधि प्राधिकरण (SFDA) ने लिया।
– इसके अतिरिक्त 16 अन्य देशों के कुछ विशेष क्षेत्रों पर आंशिक प्रतिबंध भी लगाए हैं।
– हालांकि, स्वीकृत सुरक्षा मानकों को पूरा करने वाले हीट-ट्रीटेड पोल्ट्री उत्पादों को इस आयात प्रतिबंध से छूट दी गई है।
इन देशों पर पूर्ण प्रतिबंध
– बांग्लादेश, भारत, चीन, यूनाइटेड किंगडम, जर्मनी, साउथ कोरिया, इजिप्ट, जापान, इंडोनेशिया, वियतनाम, अफगानिस्तान, अज़रबैजान, बोस्निया और हर्जेगोविना, बुल्गारिया, कैमरून, कंबोडिया, कोट डी आइवर, जिबूती, घाना, हांगकांग, ईरान, इराक, कजाकिस्तान, लाओस, लीबिया, मेक्सिको, मंगोलिया, म्यांमार, नेपाल, नाइजर, नाइजीरिया, उत्तर कोरिया, फिलिस्तीन, सर्बिया, स्लोवेनिया, दक्षिण अफ्रीका, सूडान, ताइवान और मोंटेनेग्रो।
16 आंशिक प्रतिबंध वाले देश
– ऑस्ट्रेलिया, यूनाइटेड स्टेट्स, इटली, बेल्जियम, पोलैंड, फ्रांस, कनाडा, मलेशिया, फिलीपींस, ऑस्ट्रिया, डेनमार्क, रोमानिया, जिम्बाब्वे, भूटान, टोगो, डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो।
H5N1 बर्ड फ्लू क्या है?
– H5N1 बर्ड फ्लू एक वायरस है, जो मुर्गियों, टर्की, कबूतर और तीतर जैसे पक्षियों को संक्रमित करता है।
– यह वायरस संक्रमित पक्षी के मल के साथ-साथ उसकी आंख, नाक या मुंह से निकलने वाले तरल पदार्थ में भी पाया जाता है।
– इसकी वजह से फरवरी 2026 में अमेरिका में H5N1 बर्ड फ्लू के वायरस ने बकरी, गाय और बिल्ली जैसे जानवरों को संक्रमित किया है। जो पहले कभी नहीं देखा गया।
– अगर कोई व्यक्ति लंबे समय तक संक्रमित जानवर या पक्षी के संपर्क रहा है तो उसके संक्रमित होने का खतरा हो सकता है।
– बर्ड फ्लू आमतौर पर सीधे लोगों को संक्रमित नहीं करता है, हालांकि कुछ वजह हैं, जिनसे कोई व्यक्ति बर्ड फ्लू से संक्रमित हो सकता है। जैसेकि- संक्रमित जीवित या मृत पक्षियों, जानवरों के साथ काम करने के बाद उनकी आंख, नाक या मुंह को छूने से।
उन स्थान पर जाने के बाद जहां संक्रमित पक्षी या जानवर रहते हैं।
H5N1 बर्ड फ्लू के लक्षण क्या हैं?
– लोगों में आंख, नाक और मुंह के जरिए फैल सकता है।
– H5N1 बर्ड फ्लू के लक्षणों में सांस लेने में परेशानी, बुखार और खांसी से लेकर गंभीर निमोनिया हो सकता है।
– इसके अलावा गंभीर स्थिति में पीड़ित को दौरा या उसकी मौत तक हो सकती है।
भारतीय पोल्ट्री क्षेत्र पर कोई प्रभाव नहीं
– हालांकि सऊदी अरब द्वारा लगाए गए प्रतिबंध का भारतीय पोल्ट्री क्षेत्र पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा।
– DGCIS के आंकड़ों के अनुसार, 2024-25 के दौरान सऊदी अरब को भारत का पोल्ट्री निर्यात 79.74 टन रहा, जिसका मूल्य 0.10 मिलियन डॉलर था।
– यह कुल पोल्ट्री निर्यात का एक छोटा सा हिस्सा है। वित्तीय वर्ष 2024-25 के दौरान भारत का कुल पोल्ट्री निर्यात 10.34 लाख टन से अधिक रहा, जिसका मूल्य 168.77 मिलियन डॉलर था।
सऊदी अरब
राजधानी: रियाद
क्राउन प्रिंस: मोहम्मद बिन सलमान अल सऊद
आबादी: 3.7 करोड़
मुद्रा: रियाल
भाषा: अरबी
पड़ोसी देश: जॉर्डन, इराक, कुवैत, कतर, संयुक्त अरब अमीरात (UAE), बहरीन (किंग फहद कॉजवे के माध्यम से), यमन और ओमान!
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4. किस राज्य में बर्ड फ्लू के मामलों की वजह से संजय गांधी जैविक उद्यान को आम लोगों के लिए फरवरी-मार्च में एक सप्ताह के लिए बंद किया गया?
In which state, Sanjay Gandhi Biological Park was closed for the general public for a week in February-March due to bird flu cases?
a. उत्तर प्रदेश
b. पंजाब
c. बिहार
d. झारखंड
Answer: c. बिहार
– पटना में मुर्गियों में संक्रमण की पुष्टि फरवरी 2026 के अंतिम सप्ताह में हुई।
– इस वजह से जू (संजय गांधी जैविक उद्यान) को एहतियातन आम दर्शक या मॉर्निंग वॉकरों के लिए सात मार्च तक प्रवेश पूर्णत: बंद कर दिया गया।
– बर्ड फ्लू की पुष्टि के बाद जू के मांसाहारी जानवरों को खाना में मुर्गा देना बंद कर दिया गया।
– संजय गांधी जैविक उद्यान के निदेशक हेमंत पाटिल ने बताया कि हर साल फरवरी से मार्च के बीच बर्ड फ्लू फैलने की आशंका रहती है।
– जू में इसको लेकर पहले से सावधानी बरती जा रही है।
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5. OpenAI ने भारतीय मूल के किस अधिकारी को अपना मुख्य मानव संसाधन अधिकारी (chief people officer) नियुक्त किया?
OpenAI has appointed which Indian-origin official as its chief people officer?
a. राहुल पाटिल
b. अरविंद केसी
c. विजये राजी
d. जयश्री उल्लाल
Answer: b. अरविंद केसी
– OpenAI ने 25 फरवरी 2026 को ये नियुक्ति की।
– वे जूलिया विलाग्रा की जगह लेंगे, जो अब कंपनी में सलाहकार हैं।
– अरविंद इससे पहले ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफॉर्म रोब्लॉक्स में गेमिंग विभाग के मुख्य मानव संसाधन और सिस्टम अधिकारी थे।
– उन्होंने गूगल, पलान्टिर और फेसबुक (अब मेटा) जैसी प्रमुख तकनीकी कंपनियों में अन्य नेतृत्व पदों पर भी कार्य किया है।
– उन्होंने मुंबई के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ केमिकल टेक्नोलॉजी से केमिकल इंजीनियरिंग में स्नातक किया।
– सांता क्लारा विश्वविद्यालय से ऑपरेशंस मैनेजमेंट में एमबीए किया।
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6. वरिष्ठ नेता आर. नल्लाकन्नु का 25 फरवरी 2026 को निधन हो गया, वह किस पार्टी से जुड़े थे?
Senior leader R. Nallakannu passed away on 25 February 2026, he was associated with which party?
a. रिवॉल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (RSP)
b. भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी-मार्क्सवादी (CPI-M)
c. तृणमूल कांग्रेस
d. भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI)
Answer: d. भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI)
– तमिलनाडु के 101 वर्षीय CPI नेता आर. नल्लाकन्नू का बीमारी से निधन हो गया।
– वे ‘कॉमरेड आरएनके’ के नाम से मशहूर थे।
– उनका जन्म 26 दिसंबर 1925 को तमिलनाडु के तूतीकोरिन जिले के श्रीवैगुंडम के निकट पेरुम्पथु गाँव में हुआ था।
– 1946 में, जब भारत ब्रिटिश शासन के अधीन था, CPI में शामिल हुए।
– लगभग 25 वर्षों तक उन्होंने किसान संगठनों का नेतृत्व किया।
– 2023 में CPM के वरिष्ठ नेता एन. शंकरैया के निधन के बाद, नल्लाकन्नु राज्य के अंतिम शतायु कम्युनिस्ट नेता थे।
– उन्हें अंबेडकर पुरस्कार (2008) और ‘थगैसाल तमिझर’ पुरस्कार (2023) मिला।
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7. केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) ने भारत की पहली राष्ट्रीय आतंकवाद-विरोधी नीति (National Counter-Terrorism Policy) जारी की, इसका क्या नाम है?
The Union Home Ministry (MHA) released India’s first National Counter-Terrorism Policy, what is its name?
a. प्रहार
b. काउंटर प्रहार
c. नो टेरेरिज्म
d. टेरेरिज्म-प्रहार
Answer: a. प्रहार
– PRAHAAR (प्रिवेंशन रिस्पॉस एग्रीगेशन ऑफ कैपेसिटीज ह्यूमन राइटस एंड रुल ऑफ लॉ अटेन्यूएटिंग रेडिकलाइजेशन अलाइनिंग इंटरनेशनल एंफटर्स रिकवरी एंड रिसिलिएंस)
– आठ पेज की इस नीति का केंद्रीय मंत्र है-जीरो टेरर टॉलरेंस।
– नीति में बताया भारत अब आतंकवाद के साथ साइबर हमलों, डार्क वेब और ड्रोन जैसी अत्याधुनिक चुनौतियों से निपटने के लिए भी तैयार है।
– इस नीति में कहा विदेशी धरती से संचालित हिंसक चरमपंथी तत्व भारत में आतंकी गतिविधियों को बढ़ावा देने की साजिश रचते रहे हैं।
– स्पष्ट है कि भारत किसी भी धर्म या नस्ल को आतंकवाद से नहीं जोड़ता, लेकिन आतंकी संगठनों जैसे अल-कायदा और आईएसआईएस (ISIS) की गतिविधियों पर उसकी पैनी नजर है।
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8. भारत के किस पड़ोस देशों के बीच सीमा झड़प ने युद्ध जैसे हालात बना दिए और दोनों ने एक दूसरे देश की राजधानी पर हवाई हमले किए?
Border clashes between which neighbouring countries of India led to war-like situation and both carried out air strikes on each other’s capital?
a. अफगानिस्तान और चीन
b. पाकिस्तान और ईरान
c. बांग्लादेश और म्यांमार
d. अफगानिस्तान और पाकिस्तान
Answer: d. अफगानिस्तान और पाकिस्तान
– पाकिस्तान ने 27 फरवरी, 2026 को अफगानिस्तान की राजधानी काबुल सहित कई प्रमुख शहरों पर बमबारी की, जिसके बाद इस्लामाबाद के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने महीनों से चल रही जवाबी झड़पों के बाद पड़ोसी देशों के बीच “खुले युद्ध” की घोषणा कर दी।
– वहीं तालिबान ने दावा किया है कि उसने इस्लामाबाद के फैजाबाद सैन्य ठिकाने समेत कई अहम ठिकानों को निशाना बनाया।
– तालिबान प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने 55 पाकिस्तानी सैनिकों को मारने का दावा किया।
– इसके जवाब में पाकिस्तान ने ‘गजब लिल हक’ नाम का ऑपरेशन शुरू किया और अफगानिस्तान के कई प्रांतों में हमले किए।
– पाकिस्तान का दावा है कि उसके हमलों में 274 अफगान लड़ाके मारे गए, जबकि 400 से ज्यादा घायल हैं।
– जबकि अफगान सरकार का दावा है कि 23 पाकिस्तानी सैनिकों के शव उसके पास हैं। पाकिस्तानी सेना के एक हेडक्वॉर्टर और 19 चौकियों पर भी कब्जा कर लिया गया है।
– PAK रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा कि हमारे सब्र की सीमा पार हो चुकी है, अब हमारे और आपके बीच खुला युद्ध छिड़ गया है।
– दोनों देश ड्रोन से एक दूसरे पर हमला कर रहे हैं।
तालिबान और पाकिस्तान, पहले सहयोगी और अब युद्ध क्यों?
– जब तालिबान एक विद्रोही आंदोलन था, तब वे अमेरिकी सेनाओं और काबुल में अमेरिकी समर्थित इस्लामी गणराज्य सरकार के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखने के लिए पाकिस्तान के समर्थन पर निर्भर थे।
– अफगानिस्तान में भारत के बढ़ते प्रभाव से चिंतित पाकिस्तान, अपने दीर्घकालिक सहयोगी तालिबान को पड़ोस में अपना प्रभाव बढ़ाने के एक साधन के रूप में देखता था।
– जब तालिबान ने अगस्त 2021 में काबुल पर कब्जा कर लिया, तब तत्कालीन प्रधानमंत्री इमरान खान ने प्रसिद्ध रूप से घोषणा की कि अफगानों ने अंततः “गुलामी की बेड़ियों को तोड़ दिया है”।
– पाकिस्तान का मानना था कि तालिबान की सत्ता में वापसी से दक्षिण-मध्य एशिया में उसकी “रणनीतिक गहराई” बहाल हो जाएगी।

पहली वजह – डुरंड लाइन :
– डूरंड लाइन अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच 2,640 किलोमीटर लंबी सीमा रेखा है, जिसे 1893 में ब्रिटिश भारत के विदेश सचिव सर मोर्टिमर डुरांड ने अफगानिस्तान के अमीर अब्दुर रहमान खान के साथ समझौते के तहत खींचा था।
– यह रेखा पश्तून और बलूच जनजातियों को विभाजित करती है, जो ऐतिहासिक रूप से एक ही सांस्कृतिक और जातीय समूह हैं।
– अफगानिस्तान ने इस रेखा को कभी पूर्ण रूप से मान्यता नहीं दी, क्योंकि इसे ब्रिटिश साम्राज्यवाद का परिणाम माना जाता है।
– 1947 में भारत के विभाजन के बाद पाकिस्तान को यह सीमा विरासत में मिली, लेकिन अफगानिस्तान ने इसे अस्वीकार करते हुए ‘पश्तूनिस्तान’ (पश्तूनों का अलग देश) की मांग की।
– अफगानिस्तान इस लाइन को नहीं मानता है।
– तालिबान ने भी ब्रिटिश राजनयिक मोर्टिमर डूरंड और अफगानिस्तान के अमीर अब्दुर रहमान खान द्वारा खींची गई इस सीमा को मान्यता देने से इनकार कर दिया है।
दूसरी वजह
– पाकिस्तान ने तालिबान से एक आश्रित सहयोगी की तरह व्यवहार करने की उम्मीद की थी, तब वह गलत अनुमान लगा रहा था।
– तालिबान ने अपनी स्वायत्तता स्थापित करने की कोशिश की, जिससे तनाव बढ़ता गया।
– सीमा पर झड़पें अक्सर होने लगीं, और कई बार, जैसे कि अक्टूबर 2025 में, ये गंभीर संघर्षों में तब्दील हो गईं।
तीसरी वजह
– दूसरी वजह संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) है, जिसे पाकिस्तानी तालिबान के नाम से भी जाना जाता है।
– टीटीपी और अफगान तालिबान संगठनात्मक रूप से भिन्न हैं, लेकिन वैचारिक रूप से एकमत हैं।
– अफगान तालिबान अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों को खदेड़ना, इस्लामी गणराज्य के सुरक्षा बलों को हराना, काबुल पर कब्जा करना और देश को एक इस्लामी अमीरात में बदलना चाहता था।
– उन्होंने अगस्त 2021 में अपने लक्ष्य हासिल कर लिए। टीटीपी का उद्देश्य कम से कम पाकिस्तान के कबायली क्षेत्रों में अफगान तालिबान की सफलता को दोहराना है।
भारत ने क्या कहा
– भारत ने 22 फरवरी, 2026 को अफगानिस्तान की धरती पर पाकिस्तान द्वारा किए गए ताजा हवाई हमलों की कड़ी निंदा की।
– भारत ने इन हमलों को पाकिस्तान द्वारा “अपनी आंतरिक विफलताओं को बाहरी रूप देने” का एक और प्रयास बताया और अफगानिस्तान की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के लिए अपने समर्थन को दोहराया।
– विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, “भारत रमजान के पवित्र महीने के दौरान अफगान धरती पर पाकिस्तान के हवाई हमलों की कड़ी निंदा करता है, जिसके परिणामस्वरूप महिलाओं और बच्चों सहित आम नागरिकों की मौत हुई है।”
– उन्होंने इस मुद्दे पर मीडिया के सवालों के जवाब में कहा, “यह पाकिस्तान द्वारा अपनी आंतरिक विफलताओं का दोष भारत पर डालने का एक और प्रयास है। भारत अफगानिस्तान की संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और स्वतंत्रता के प्रति अपने समर्थन को दोहराता है।”
पाकिस्तान और तालिबान की सैन्य ताकत में बड़ा अंतर
– पाकिस्तान की सेना दुनिया की ताकतवर सेनाओं में गिनी जाती है और उसके पास परमाणु हथियार भी हैं।
– ग्लोबल रैंकिंग में पाकिस्तान की सेना अक्सर टॉप 15 देशों में शामिल रहती है।
– वहीं दूसरी तरफ, अफगान तालिबान के पास उतने आधुनिक और भारी हथियार नहीं हैं। उनके ज्यादातर हथियार तीन जगहों से आए हैं…
– पिछली अफगान सेना के छोड़े गए हथियार।
– विदेशी सेनाओं के वापस जाने के बाद बचे हथियार।
– और कुछ नए हथियार, जो ब्लैक मार्केट से हासिल किए गए।
– एक्सपर्ट्स का कहना है कि पहले हुई सीमा झड़पों के वीडियो से पता चलता है कि तालिबान लड़ाके ज्यादातर हल्के हथियारों का इस्तेमाल करते हैं।
– हालांकि, जानकारों के मुताबिक तालिबान को गुरिल्ला युद्ध (छापामार लड़ाई) का लंबा अनुभव है, जो पहाड़ी और सीमावर्ती इलाकों में उन्हें कुछ बढ़त दे सकता है।
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9. राष्ट्रीय विज्ञान दिवस कब मनाया जाता है?
When is National Science Day celebrated?
a. 26 फरवरी
b. 27 फरवरी
c. 28 फरवरी
d. 29 फरवरी
Answer: c. 28 फरवरी
2026 की थीम
– विज्ञान में महिलाएँ: विकसित भारत को बढ़ावा देना
– Women in Science: Catalyzing Viksit Bharat

क्यों मनाया जाता है राष्ट्रीय विज्ञान दिवस?
– देश के विकास में वैज्ञानिकों के योगदान को चिह्नित करने के लिए ये दिवस मनाया जाता है।
– यह दिन ‘रमन प्रभाव’ की खोज को समर्पित है।
– 28 फरवरी, 1928 में भारतीय भौतिक विज्ञानी चंद्रशेखर वेंकट रमन ने स्पेक्ट्रोस्कोपी के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण खोज की, जिसे ‘रमन प्रभाव’ कहा जाता है।
– इसके लिए उन्हें 1930 में नोबेल पुरस्कार दिया गया था।
– रमन प्रभाव की खोज की वजह से भारत में 1986 से हर वर्ष यह दिवस मनाया जाता है।
रमन प्रभाव क्या है?
– जब प्रकाश की किरणें अलग अलग चीजों से टकराती हैं या उनमें से होकर गुजरती है, तो तरंगों के बिखरने के बाद उन पर व उनकी गति पर क्या असर होता है, उनकी खोज यह सब बताती थी।
– स्पेक्ट्रोस्कोपी पदार्थ और विद्युत चुंबकीय विकिरण के मध्य का अध्ययन है।
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10. वर्ष 2026 में दुर्लभ रोग दिवस कब मनाया गया?
When was Rare Disease Day observed in the year 2026?
a. 23 फरवरी
b. 24 फरवरी
c. 27 फरवरी
d. 28 फरवरी
Answer: d. 28 फरवरी
2026 की थीम
– जितना आप सोच सकते हैं उससे कहीं ज़्यादा
– More Than You Can Imagine
– दुर्लभ रोग दिवस हर वर्ष फरवरी के आखिरी दिन मनाया जाता है।
– इसका उद्देश्य दुर्लभ बीमारियों की जागरूकता बढ़ाना है।
– साथ ही दुर्लभ बीमारियों वाले व्यक्तियों और उनके परिवारों के लिए चिकित्सा सुविधा तक पहुंच बनाना है।
– दुनिया में 35 करोड़ लोग दुर्लभ रोग से पीड़ित हैं।
– सामान्य तौर पर, एक दुर्लभ रोग वह रोग होता है जो किसी देश की आबादी के एक छोटे प्रतिशत को प्रभावित करता है – प्रति 100,000 जनसंख्या पर 100 से कम रोगी।
– भारत में, किसी रोग को दुर्लभ माना जाता है यदि वह 5,000 लोगों में से किसी एक को प्रभावित करता है।




